सोमवार, 24 अक्तूबर 2016

शब्दभेदी बाण-3

25.10.16
एक मंत्र है तंत्र का, खटमल बनकर चूस।
झोली बोरी छोड़कर, बोरा भरकर ठूस ।।

दंग हुआ यह देख कर, रंगे उनके हाथ ।
मूक बधिर बन आप ही, जिनको देते साथ ।।

शनिवार, 22 अक्तूबर 2016

शब्द भेदी बाण-2

घाल मेल के रोग से,  हिन्दी है बीमार ।
अँग्रेजी आतंक से, कौन उबारे यार ।।

हिन्दी की आत्मा यहाँ, तड़प रही दिन रात ।
देश हुये आजाद है,  या है झूठी बात ।।

-रमेश चौहान

// शब्द भेदी बाण-1//

तोड़ें उसके दंभ को, दिखा रहा जो चीन ।
चीनी हमें न चाहिये, खा लेंगे नमकीन ।।

राष्ट्र प्रेम के तीर से, करना हमें शिकार ।
बचे नही रिपु एक भी, करना ऐसे वार ।।

- रमेश चौहान

शुक्रवार, 21 अक्तूबर 2016

बोल रहा है चीन

सुनो सुनो ये भारतवासी, बोल रहा है चीन ।
भारतीय बस हल्ला करते, होतें हैं बल हीन ।।

कहां भारतीयों में दम है, जो कर सके बवाल ।
घर-घर तो में अटा-पड़ा है, चीनी का हर माल ।।

कहां हमारे टक्कर में है, भारतीय उत्पाद ।
वो तो केवल बाते करते, गढ़े बिना बुनियाद ।।

कमर कसो अब वीर सपूतो, देने उसे जवाब ।
अपना तो अपना होता है, छोड़ो पर का ख्वाब ।।

नही खरीदेंगे हम तो अब, कोई चीनी माल ।
सस्ते का मोह छोड़ कर हम, बदलेंगे हर चाल ।।

भारत के उद्यमियों को भी, करना होगा काम ।
करें चीन से मुकाबला अब, देकर सस्ते दाम ।।

राष्ट्र  प्रेम हो गर मन में तो, ठान लीजिये बात ।
भारत भारत भारतवासी, मन में ले जज्बात ।।

गुरुवार, 13 अक्तूबर 2016

‘मुरली से कोई बचे न बचे‘

मेरे इस गीत को स्वर दिये हैं-प्रेम पटेल

‘मुरली से कोई बचे न बचे‘

‘हे गौरी नंदन‘

‘आदि देवी मातु तेरो आदि देव है पिता‘

‘धर्म बचावन को जग में‘

‘लाल भयो, लाल भयो‘ (डांडिया)

‘राम रक्षा चालिसा‘

‘राम रक्षा चालिसा‘
मेरे इस गीत को स्वर दिये हैं -प्रेम पटेल

मंगलवार, 11 अक्तूबर 2016

करें राम को याद

विजयादशमी पर्व पर हार्दिक शुभकामनाएं

विजयादशमी पर्व पर, कर लें विजयी नाद ।
गढ़ने निज व्यवहार को,  करें राम को याद ।।
करें राम को याद, बने हम कैसे मानव ।
मानवता पथ छोड़, बने क्यों रे हम दानव ।
रक्षा करने धर्म, लीजिये कसमा-कसमी ।
सार्थक तब तो होय, पर्व यह विजयादशमी ।।
-रमेश चौहान